चिकोटी

काम निकलने से मतलब

मैंकाम निकालने में अधिक विश्वास रखता हूं। काम निकलना चाहिए बस, चाहे वो कैसे या कहीं से भी निकले। साफ सीधा-सा फलसफा है, भूख लगने पर खाना ही पेट की अगन को शां...
clicks 2  Vote 0 Vote  2:42pm 19 Dec 2018

अंकल ही कहो मुझे

सुनने में पहले जरूर थोड़ा अटपटा टाइप लगता था। मगर अब आदत-सी हो गई। यों भी, आदतें जितनी व्यावहारिक हों, उतनी ठीक। ज्यादा मनघुन्ना बनने का कोई मतलब नहीं बैठत...
clicks 24  Vote 0 Vote  11:50am 19 Nov 2018

अंदर का रावण

मैंनहीं चाहता मेरे अंदर का रावण मरे! मैं उसे हमेशा जिंदा रखना चाहता हूं। वो जिंदा रहेगा तो दुनिया के आगे मेरा कमीनापन उजागर करता रहेगा। मुझे भरे बाजार नं...
clicks 51  Vote 0 Vote  9:20am 19 Oct 2018

चिंता कीजिए, मस्त रहिए

जबमेरे कने करने को कुछ खास नहीं होता, तब मैं सिर्फ 'चिंता'करता हूं। 'चिंता'मुझे 'चिंतन'करने से कहीं बेहतर लगती है! मुद्दा या मौका चाहे जो जैसा हो, मैं चिंता क...
clicks 56  Vote 0 Vote  12:15pm 13 Oct 2018

'मी टू'की बहस के बीच 'मी टू'

हालांकिऐसा कुछ है नहीं फिर भी सचेत तो रहना पड़ेगा न। जब से 'मी टू'से जुड़े किस्से कब्र से बाहर आए हैं, मेरा बीपी थोड़ा बढ़-सा गया है। बचपन से लेकर अब तक की गई अपनी ...
clicks 58  Vote 0 Vote  2:43pm 12 Oct 2018

इतना बुरा भी नहीं भूलना

हालांकिअभी मैं उस भूलने-भालने वाली उम्र में नहीं मगर फिर भी भूलने लगा हूं। कभी भी कुछ भी कैसे भी भूल जाता हूं। दो-चार दफा तो अपने घर का पता ही भूल चुका हूं। ...
clicks 36  Vote 0 Vote  12:17pm 12 Oct 2018

बिग बॉस का घर

मनुष्यमूलतः दोगली प्रजाति प्राणी है। दोगलापन उसकी नस-नस में बसा है। सामने कुछ और पीठ पीछे कुछ। दिनभर में जब तक दो-चार बातें इधर की उधर, उधर की इधर कर नहीं ल...
clicks 43  Vote 0 Vote  1:03pm 29 Sep 2018

सब जादू-टोने का असर है

अभीरुपए की फिसलन रुक नहीं पाई, उधर तेल की बढ़ी कीमत अलग आग लगा रही है। विरोध का फोकस कभी रुपए पर केंद्रित हो जाता है तो कभी तेल पर। सरकार परेशान है, करे तो क्य...
clicks 41  Vote 0 Vote  4:07pm 28 Sep 2018

इंस्टाग्राम पर शायरी

इधर, मुझ इंस्टाग्राम पर शायरी करने का भूत सवार हुआ है। लोग फेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सएप पर शेर कह रहे हैं, मैंने सोचा क्यों न मैं इंस्टाग्राम पर शायरी करूं। य...
clicks 51  Vote 0 Vote  10:13am 21 Sep 2018

72 पर टिका रुपया

डॉलरने एक दफा फिर से रुपए को टंगड़ी मार गिरा दिया है। रुपया 71 के स्तर पर चारों खाने चित्त पड़ा है। बड़ी उम्मीद से वो सरकार और रिजर्व बैंक की तरफ देख रहा है; कोई ...
clicks 63  Vote 0 Vote  11:17am 19 Sep 2018
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