बाल सजग

कविता : बड़ी सोच

"बड़ी सोच "छोटे हैं तो क्या हुआ, हमारी  सोच बड़ी है | करते नहीं हम छोटे काम, करते रहते हैं बड़े काम होता  सोच पाते नहीं हम, बड़ा कर दिखलाते हम | सोच हमा...
clicks 7  Vote 0 Vote  8:10am 13 Jan 2018

कविता : भौ - भौ करते कुत्ते आए

"भौ - भौ करते कुत्ते आए " भौ - भौ करते कुत्ते आए,खरगोश बेचारा लगे कापने | कुत्ते का झुण्ड करीब आया,खरगोश का दिल घबराया | कान उठाकर वहाँ से भागा,पीछे पड़ गए क...
clicks 6  Vote 0 Vote  6:44am 12 Jan 2018

कविता : हर नारी जीना चाहती है

" हर नारी जीना चाहती है " हर कोई नारी जीना चाहती है,अपनी मंजिल पाना चाहती है | जीवन में खुशियाँ लाना चाहती है,हर कोई  नारी जीना चाहती है | अपने  हक़ के...
clicks 5  Vote 0 Vote  9:21am 11 Jan 2018

कविता : भूखी चुहिया

"भूखी चुहिया " चुहिया ने चूहा से बोली, सामान ले आये एक दो बोरी | दाना पानी नहीं है घर पे, बारिश का मौशम आईं सर पे | भूखे प्यासे मरेंगे हम अब,दाना पानी ल...
clicks 7  Vote 0 Vote  7:29am 10 Jan 2018

कविता : हम मजदूर हैं

"हम मजदूर हैं " हम मजदूर हैं तो क्या हुआ, कल का भविष्य है हम | मेरी सफलताओं को, कदम चूमेगीं एक दिन | हौशला और जज्बों  को, कम नहीं होने देंगे हम | मं...
clicks 4  Vote 0 Vote  7:14am 10 Jan 2018

कविता: काले बदल छाया है

"काले बदल छाया है" काले बदल छाया है, पानी बरसाने की  संभावना है | गरज रह था कड़ -कड़, बरस रहा था भड़ -भड़ |  मेंढक की खुशीयां लाया है,पानी में खूब नहाय...
clicks 5  Vote 0 Vote  8:09am 9 Jan 2018

कविता :हूँ मजबूर

"हूँ मजबूर " हूँ मजबूर, हूँ  सबसे दूर,मेरी मंजिल न हुआ पूरा | आगे आगे कदम है रखना,मंजिल मेरी, मेरा काम परखना | राह ऐसी है यह सुनहरा, इस पर चलना काम है मे...
clicks 4  Vote 0 Vote  7:51am 9 Jan 2018

कविता : चाँद

"चाँद" बैठ बिस्तर  पर चाँद निहारता, उसकी किरणों को आँखों में भरता | अंधियारों को दूर है करता,सभी में उम्मीदें है भरता |  गोल मटोल है इसका आकर, ...
clicks 4  Vote 0 Vote  7:26am 9 Jan 2018

कविता : बच्चे

"बच्चे "ये बच्चे हैं कितने प्यारे, लगते हैं आसमान के तारे | जैसे टिमटिमा रहे हो ये सारे,, जिस तरह बिखरे हो तारे | वैसे बिखरे हैं बच्चे ये सारे, अपने ...
clicks 8  Vote 0 Vote  3:47pm 5 Jan 2018

कविता : पुकार

"पुकार "कोई मुझे पुकार रहा है,इन आसमान की उचाईयों से| तुम्हे कोई बुला रहा है,इस नई सुन्दर संसार में | तुझे कोई सिखा रहा है,एक अच्छी राह में चलने को | मुझे ...
clicks 6  Vote 0 Vote  3:12pm 3 Jan 2018
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