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‘कोई टॉल करो न, प्लीज'

व्यंग्यक्या आपने ट्रॉल को देखा है ?तो उनके बारे में सुना तो होगा !सुना है आजकल काफी मशहूर हो चले हैं।कई सेलेब्रिटीं कहती रहतीं हैं-‘क्या बताऊं यार, मेरे प...
clicks 63  Vote 0 Vote  2:27pm 21 May 2019

‘कोई ट्रॉल करो न, प्लीज'

व्यंग्यक्या आपने ट्रॉल को देखा है ?तो उनके बारे में सुना तो होगा !सुना है आजकल काफी मशहूर हो चले हैं।कई सेलेब्रिटीं कहती रहतीं हैं-‘क्या बताऊं यार, मेरे प...
clicks 8  Vote 0 Vote  2:27pm 21 May 2019

कहो भीड़ बन जाऊं क्या

ग़ज़लमैं भी प्यार ‘जताऊं’ क्याझूठों में मिल जाऊं क्या15-03-2019जिस दिनकोई नहीं होताउस दिन घर पर आऊं क्याजीवन बड़ा कठिन है रेफिर जीकर दिखलाऊं क्याइकला हूं मैं...
clicks 72  Vote 0 Vote  10:39pm 14 Apr 2019

मैं पशोपेश में रहा

ग़ज़लमैं अपने देश में रहामैं पशोपेश में रहासदा तक़लीफ़ में रहाज़रा आवेश में रहावही होगा मेरा रक़ीबजो कई वेश में रहामैं क्यों ईमानदार हूंबहुत वो तैश में रहान म...
clicks 103  Vote 0 Vote  3:33pm 15 Mar 2019

संवाद का स्तर और उसे करनेवालों की नीयत (decency in dialogue and fraudulence of behaviour)

जब पढ़ते थे तो तरह-तरह के लोगों को पढ़ते थे। साहित्य अच्छा तो लगता ही था मगर यह दिखाना भी अच्छा लगता था कि ‘देखो, हम दूसरों से अलग हैं, हम वह साहित्य भी पढ़ते है...
clicks 18  Vote 0 Vote  12:07am 13 Mar 2019

संवाद का स्तर और उसे करनेवालों की नीयत (decency in language but fraudulence of behavior)

जब पढ़ते थे तो तरह-तरह के लोगों को पढ़ते थे। साहित्य अच्छा तो लगता ही था मगर यह दिखाना भी अच्छा लगता था कि ‘देखो, हम दूसरों से अलग हैं, हम वह साहित्य भी पढ़ते है...
clicks 93  Vote 0 Vote  12:07am 13 Mar 2019

अलग तरह की अहिंसा

व्यंग्यभक्त बताते हैं कि गांधीजी धर्मनिरपेक्ष आदमी थे। आपको मालूम ही है आजकल भक्तों से तो भक्त भी पंगा नहीं लेते। लेकिन इससे एक बात पता लगती है कि धर्मन...
clicks 113  Vote 0 Vote  4:59pm 9 Jan 2019

‘मां की ममता’ बनाम ‘मुन्नी डिग पयी’

मैं तब के वक़्त को याद करना चाहता हूं जब मेरी मां के मैं और मेरी छोटी बहन बस दो ही बच्चे थे। छोटी बहिन आठ या नौ महीने की और मैं शायद साढ़े तीन या चार साल का था। ...
clicks 99  Vote 0 Vote  3:30pm 29 Dec 2018

बात यूं है कि बात कुछ भी नहीं

गज़लहाथ आई हयात कुछ भी नहींबात यूं है कि बात कुछ भी नहीं                          11-01-2013यू तो मेरी औक़ात कुछ भी नहींकाट लूं दिन तो रात कुछ भी नहीं  &...
clicks 172  Vote 0 Vote  10:28pm 29 Oct 2018

बैन करेगा क्या / ख़ुद क़िताब हो लें

ग़ज़लआओ सच बोलेंदुनिया को खोलेंझूठा हंसने सेबेहतर है रो लेंपांच बरस ये, वोइक जैसा बोलेंअपना ही चेहराक्यों ना ख़ुद धो लेंराजा की तारीफ़जो पन्ना खोलेंक्या ...
clicks 165  Vote 0 Vote  7:48pm 1 Oct 2018
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