palash "पलाश"

जिन्दगी वादा है तुमसे नये वर्ष का

जिन्दगीवादा है तुमसे,इस वर्षनही दूंगी तेरी आंखों में आंसूनही सिसकेगी तू चुपके चुपके रात में तकिये के नीचेनही मरेगी तिल तिलकिसी अत्याचारी के हाथनही होन...
clicks 16  Vote 0 Vote  2:50pm 30 Dec 2017

अपने अपने कर्म या अपने अपने भाग्य

कॉलेज की सीढियां उतर रही थी, मेरे नीचे की सीढियों पर दो गर्भवती स्त्रियां थी- एक मेरे साथ की ही अध्यापिका थीं और दूसरी थी कॉलेज में काम करने वाली एक मजदूर औ...
clicks 23  Vote 0 Vote  8:11pm 21 Dec 2017

कागज की टीस

लैपटाप पर काम करते करतेएकदिन अचानकयाद आया मुझे लिखना कागज पर बैठ गया लेकरअपना फेवरेटलेटर पैड और पेन जिसके पीले पन्ने दे रहे थे गवाहीमेरे और उसके रिश्ते ...
clicks 41  Vote 0 Vote  10:20pm 14 Dec 2017

मै और मेरा वक्त

देखा है वक्त को सावन सा बरसतेकभी बूँद बूँद आ रिसते हुयेदेखा हैवक्त को बच्चे सा भागतेकभी हांफते कदमों से रेंगते हुयेदेखा है वक्त कोनॄतकी सा थिरकतेकभी ...
clicks 38  Vote 0 Vote  9:29pm 7 Dec 2017

उफ ये बडे आदमी

सुना थाबहुत बडे आदमी थे तुमफिर क्यों फर्क पढ गया तुम्हेगर मुझ जैसे छोटे से व्यक्ति नेनही किया सलाम तुम्हे झुक करक्यों रात भेज अपने चार आदमीबुलवा कर अपनी...
clicks 34  Vote 0 Vote  10:57pm 5 Dec 2017

एक सुबह ऐसी भी…….

नींद हल्की हल्की सी खुली थी, घडी का पहला अलार्म बजा था, अलार्म बन्द करके सो गयी सोचा आज तो इतवार है, और इतवार का तो मतलब ही है देर से उठना। अभी दुबारा ठीक से स...
clicks 33  Vote 0 Vote  12:33pm 2 Dec 2017

आई एम सॉरी

लकड़ी से सहारेपगडंडी के किनारे किनारे धीरे धीरे चलतेवृद्ध सेटकराता है सत्रह अठारह साल कामोबाइल पर वयस्त मार्ड्न युवकबिखर जाती है लाठी और दूसरे हाथ में ...
clicks 54  Vote 0 Vote  6:54pm 27 Nov 2017

रंगे सियार

भरोसाउठनेसालगाजमानेमेंलोगोंसेजिससेभीदोबातकीवोबेअदबहोनेलगानरखसकालिहाजउम्रकायाओहदेकामददकीआडमेंवोबेशरम होनेलगानकाब ओडा तो बहुतसलीकों, तहजी...
clicks 45  Vote 0 Vote  10:58am 23 Nov 2017

रिक्शेवाली की बेटी

वसुधा जब से स्कूल से आयी, बस रोये जा रही थी। तुलसी ने उसको चुप कराने की सारी कोशिश करके देख ली, मगर वसुधा का रोना ही नही बन्द हो रहा था। तभी तुलसी को याद आया क...
clicks 32  Vote 0 Vote  12:55pm 22 Nov 2017

तुम्हे लिखना है मुझे

कुछपन्नेजिन्दगीके, आज पलटनेहैंमुझेबीतेतन्हाकलमेंभी , तुम्हेलिखनाहैमुझेरुकूंगी उन मोडों पर, जहाँ दर्द से तडपे थेहर जख्म का मरहम, तुम्हे लिखना है मुझ...
clicks 44  Vote 0 Vote  10:53pm 20 Nov 2017
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